Satsang (सत्संग)

बुद्धिमान्‌ मनुष्यको राजा, ब्राह्मण, वैध, मूर्ख, मित्र, गुरु और प्रियजनोंके साथ विवाद नहीं करना चाहिये।



- चाणक्यसुत्र ३५२

— Chanakya

Advertisement

चैत्र (वासन्ती) नवरात्र 2010 : Jai Mata Di

घटस्थापनका समय ’ प्रातःकाल ’ है । अतः उस दिन चित्रा या वैधृति रात्रितक रहें ( और रात्रिमें नवरात्रोंका स्थापन या आरम्भ होता नहीं, ) तो या तो वैधृत्यादिके आद्य तीन अंश त्यागकर चौथे अंशमें करे या मध्याह्लके समय ( अभिजित मुहूर्तमें ) स्थापन करे । स्मरण रहे कि देवीका आवाहन, प्रवेशन, नित्यार्चन और विसर्जन - ये सब प्रातःकालमें शुभ होते हैं । यदि नवरात्रोंमें घटस्थापन करनेके बाद सूतक हो जाय तो को‌ई दोष नहीं, परंतु पहले हो जाय तो पूजनादि स्वयं न करे ।

Ghatasthapana घटस्थापन - Kalashsthapana

The first day of Navratra is called Ghatasthapana, which literally means pot establishing. On this day the kalash, (holy water vessel) symbolising Goddess Durga often with her image embossed on the side is placed in the prayer room. The kalash is filled with holy water and covered with cowdung on to which….

रामनवमी : Jai SiyaRam, Jai Jai Shri Ram

रामजन्म के कारण ही चैत्र शुक्ल नवमी को रामनवमी कहा जाता है। रामनवमी के दिन ही गोस्वामी तुलसीदास ने रामचरित मानस की रचना का श्रीगणेश किया था। Ram Navami is commemorated in Hindu households by puja (prayer).

32 Names of Ma Durga : दुर्गा बत्तीसनामावली

32 Names of Ma Durga १) दुर्गा २) दुर्गार्तिशमनी ३) दुर्गापद्विनिवारिणी ४) दुर्गमच्छेदिनी ५) दुर्गसाधिनि ६) दुर्गनाशिनी ७) दुर्गतोद्धारिणी ८) दुर्गनिहन्त्रि ९) दुर्गमापहा १०) दुर्गमज्ञानदा ११) दुर्गदैत्यलोकदवानला १२) दुर्गमा १३) दुर्गमालोका १४) दुर्गमात्मस्वरुपिणी १५) दुर्गमार्गप्रदा…

Durga Chalisa श्री दुर्गा चालीसा

नमो नमो दुर्गे सुख करनी । नमो नमो अम्बे दुःख हरनी ॥ निराकार है ज्योति तुम्हारी । तिहूं लोक फैली उजियारी ॥ शशि ललाट मुख महा विशाला । नेत्र लाल भृकुटी विकराला ॥ रुप मातु को अधिक सुहावे । दरश करत जन अति सुख पावे ॥ तुम संसार शक्ति लय कीना । पालन हेतु अन्न धन दीना ॥….